सपा के राष्ट्रीय सचिव राजीव राय ने नही सुनी होने दी एक माँ की कोख

राजनीति में जहाँ नेता जनता से वोट लेकर विधायक व सांसद बन जाते है और बनते ही उसी जनता को भूल जाते है । उसके उल्ट एक ऐसा नेता जो न सांसद है और न विधायक राजीव राय जैसा बेदाग और संवेदनशील वायक्तिव को देखकर मन प्रसन्न हो जाता है। राजीव राय किसी पहचान के मोहताज नहीं है वह अपने-आप एक बड़े सख्सियत है और राष्ट्रीय स्तर के नेता भी है, फिर भी उनका दिल हमेशा घोसी लोकसभा के क्षेत्रवासियों के लिए रहता है। कुछ ऐसा ही राय ने कर दिया जो चर्चा का विषय बना हुआ। समाजवादी पार्टी के राष्ट्रीय प्रवक्ता/सचिव राजीव राय उस वक्त मां की कोख उजड़ने से बचा लिया जब इलाज के अभाव में बच्चे की हालत दयनीय होती जा रही थी, तभी राजीव के पास फोन आता है कि बच्चा वेंटिलेटर पर था,पैसा न होने के कारण उसके बच्चे को अस्पताल से बाहर निकाल रहे है यह सुनते ही उनका दिल पसीज गया और अगले ही दिन राजीव राय ने डॉक्टर से बात किया, जिस पर डॉक्टर ने कहा 10 प्रतिशत ही चांस है, जिस पर जवाब देते हुए राजीव राय ने कहा आप बच्चे का तुरंत इलाज शुरू करें जो भी धनराशि होगी वे खुद जमा करेंगे, पूरा बिल पैमेंट करते ही डॉक्टर ने बच्चे का ईलाज शुरु किया। राजीव राय के प्रयास से काशी हिंदू विश्वविद्यालय स्नातक की छात्रा श्वेता के छोटे भाई 10 वर्षीय हिमांशु यादव पुत्र राजेश यादव जो कि ग्राम सभा रसूलपुर गौतम मधुबन मऊ के रहने वाले हैं को जीवन दान प्राप्त हुआ, जब यह बालक बनारस आया था, उसकी स्थिति बहुत ही नाजुक थी और बीएचयू द्वारा असमर्थता व्यक्त करने पर डॉ. कौशिक के यहां पापुलर हॉस्पिटल में भर्ती कराया गया जहां 12 दिन लगातार वेंटिलेटर पर था और लोग हताश हो गए थे, लेकिन बच्चे का सही समय पर इलाज होने से यह बालक स्वस्थ हो गया है और दिन पर दिन स्वास्थ्य में सुधार होता जा रहा है।.


